In This Article
बिहार राज्य भवन निर्माण निगम लिमिटेड (BSBCCL) ने राज्य के तीन स्पोर्ट्स सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के दूसरे चरण (Phase-II) के विकास के लिए विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (Detailed Project Report-DPR) तैयार करने हेतु अनुरोध प्रस्ताव (Request for Proposal-RFP) जारी किए हैं।
प्रस्तावित परियोजनाएं खगड़िया के बेलदौर, जमुई के सोनपे और पश्चिम चंपारण के बेतिया में स्थित स्पोर्ट्स सेंटर ऑफ एक्सीलेंस से संबंधित हैं। दूसरे चरण के विकास के तहत विभिन्न खेलों के लिए आधुनिक खेल अवसंरचना विकसित करने की योजना है।
बेलदौर, खगड़िया में विकसित होगी अत्याधुनिक स्विमिंग अकादमी
खगड़िया जिले के बेलदौर स्थित स्पोर्ट्स सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में फेज-II के तहत एक आधुनिक स्विमिंग पूल अकादमी विकसित करने का प्रस्ताव है।
परियोजना में 50 मीटर × 25 मीटर का ओलंपिक आकार का स्विमिंग पूल, 25 मीटर × 25 मीटर का डाइविंग पूल, 25 मीटर × 15 मीटर का प्रैक्टिस पूल तथा बच्चों के लिए अलग किड्स पूल विकसित किया जाएगा। यह परिसर राज्य में प्रतिस्पर्धी तैराकी और डाइविंग प्रशिक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से तैयार किया जाएगा।
सोनपे, जमुई में हॉकी खिलाड़ियों को मिलेगी आधुनिक सुविधाएं
जमुई जिले के सोनपे स्थित स्पोर्ट्स सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में फेज-II विकास के तहत सिंथेटिक हॉकी ग्राउंड का निर्माण प्रस्तावित है।
इसके साथ खिलाड़ियों के प्रशिक्षण और पुनर्वास सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए रिकवरी स्विमिंग पूल तथा आवासीय जरूरतों को ध्यान में रखते हुए एक गेस्ट हाउस का भी विकास किया जाएगा।
बेतिया में तीरंदाजी और फुटबॉल अवसंरचना का होगा विस्तार
पश्चिम चंपारण जिले के बेतिया स्थित स्पोर्ट्स सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में दूसरे चरण के तहत आर्चरी ग्राउंड और प्राकृतिक फुटबॉल मैदान विकसित करने की योजना बनाई गई है।
इसके अतिरिक्त आर्चरी और फुटबॉल से संबंधित सुविधाओं के लिए एक सेकेंडरी ब्लॉक का भी निर्माण प्रस्तावित है, जिससे खिलाड़ियों को प्रशिक्षण और प्रतियोगिताओं के लिए बेहतर अवसंरचना उपलब्ध कराई जा सके।
खेल अवसंरचना को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल
तीनों परियोजनाओं के लिए DPR तैयार होने के बाद प्रस्तावित खेल अवसंरचना के तकनीकी, वित्तीय और कार्यान्वयन संबंधी पहलुओं को अंतिम रूप दिया जाएगा। फेज-II विकास के माध्यम से राज्य में तैराकी, हॉकी, तीरंदाजी और फुटबॉल जैसी खेल विधाओं के लिए आधुनिक सुविधाएं विकसित करने का लक्ष्य रखा गया है।
